Varanasi: चौक थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े गोली मारकर की गई बुजुर्ग की हत्या के मामले का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस के अनुसार हत्या के पीछे जादू-टोना और तंत्र-मंत्र को लेकर पैदा हुआ अंधविश्वास मुख्य वजह बना। मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी विशाल भारतीय अपने परिवार में लगातार हो रही मौतों से परेशान था और वह इसके लिए मृतक राजन को जिम्मेदार मानता था। आरोपी को विश्वास था कि राजन तंत्र-मंत्र और जादू-टोना करता है, जिसके कारण उसके परिवार पर विपत्ति आ रही है। पुलिस (Varanasi) ने इस मामले में विशाल भारतीय, विकास विश्वकर्मा, सुजीत वाल्मीकि और कृष्णा वाल्मीकि को गिरफ्तार किया है। जांच के अनुसार विशाल भारतीय ने हत्या की साजिश रची थी।
पुलिस का कहना है कि विशाल और विकास ने मृतक की गतिविधियों की जानकारी जुटाने और मुखबिरी का काम किया, जबकि सुजीत और कृष्णा ने पिस्टल से गोली मारकर हत्या को अंजाम दिया। वारदात के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
Varanasi: 24 घंटे के भीतर पुलिस ने सुलझाया मामला
मामले का खुलासा करते हुए अतुल अंजान त्रिपाठी ने बताया कि घटना (Varanasi) के छह घंटे के भीतर पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिल गए थे। तकनीकी साक्ष्यों और लगातार छापेमारी के आधार पर 24 घंटे के अंदर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
उन्होंने बताया कि पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी विशाल भारतीय ने दावा किया कि मृतक राजन तंत्र-मंत्र करता था और उसी के कारण उसके परिवार के सदस्य लगातार मर रहे थे। आरोपी का मानना था कि राजन की हत्या करने से उसके परिवार पर आया संकट समाप्त हो जाएगा।
पूछताछ में किया भूत-प्रेत का दावा
एसीपी के अनुसार पूछताछ के दौरान आरोपी ने शुरुआत में यह कहकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की कि उसके मृत पिता की आत्मा उस पर आती है और उसी के कहने पर उसने यह कदम उठाया। हालांकि सख्ती से पूछताछ करने पर उसने स्वीकार किया कि वह जांच को भटकाने के लिए नाटक कर रहा था।
अवैध हथियारों की भी जांच
पुलिस (Varanasi) ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त अवैध असलहा बरामद किया है। अब पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि हथियार आरोपियों तक कैसे पहुंचे और इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो नहीं है। जांच में यह भी पता चला है कि दो आरोपी एक ही कॉलोनी के निवासी हैं, जबकि अन्य दो मंडुवाडीह क्षेत्र के रहने वाले हैं। चारों आपस में मित्र थे और उन्होंने मिलकर हत्या की पूरी साजिश तैयार की थी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह मामला अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र से जुड़े भ्रम का खतरनाक उदाहरण है। बिना किसी प्रमाण के जादू-टोने के संदेह (Varanasi) में एक व्यक्ति की हत्या कर दी गई। पुलिस ने चारों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

