Varanasi में कुछ दिनों की राहत के बाद एक बार फिर गर्मी और उमस ने लोगों की मुश्किलें बढ़ानी शुरू कर दी हैं। सुबह से ही तेज धूप और उमस भरी हवाओं के चलते लोग परेशान नजर आ रहे हैं। दोपहर होते-होते सड़कों पर सन्नाटा छाने लगा है और लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। बढ़ते तापमान और गर्म हवाओं का असर अब आम जनजीवन पर साफ दिखाई देने लगा है।
भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए लोग अलग-अलग उपाय अपनाते नजर आ रहे हैं। शहर में आम का पन्ना, गन्ने का रस, शिकंजी, लस्सी और अन्य ठंडे पेय पदार्थों की दुकानों पर भीड़ बढ़ गई है। सड़क (Varanasi) किनारे लगे जूस और शरबत के ठेलों पर दिनभर लोगों की आवाजाही बनी हुई है। कई लोग धूप से बचने के लिए पेड़ों और दुकानों की छांव में खड़े दिखाई दे रहे हैं।
Varanasi: दोपहर में सड़कों पर पसरा सन्नाटा
गर्मी का असर बाजारों और ट्रैफिक पर भी दिखने लगा है। दोपहर के समय लोग सिर पर गमछा, टोपी और छाता लगाकर निकल रहे हैं। बाइक सवार चेहरे को कपड़े से ढंककर सफर कर रहे हैं। सबसे ज्यादा परेशानी बच्चों और बुजुर्गों को हो रही है। उमस बढ़ने के कारण रात में भी लोगों को राहत नहीं मिल रही और कूलर-पंखे भी गर्म हवा देने लगे हैं।
46 डिग्री के पार पहुंच रहा तापमान
मौसम विभाग और विभिन्न मौसम एजेंसियों के अनुसार शहर (Varanasi) का अधिकतम तापमान 44 से 46 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच रहा है। कुछ स्थानों पर तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया है, जबकि न्यूनतम तापमान भी 32 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में लू और गर्म हवाओं का असर और तेज हो सकता है।
मौसम विभाग ने पूर्वांचल समेत वाराणसी (Varanasi) में लू चलने की चेतावनी जारी की है। लोगों को दोपहर के समय घर से बाहर न निकलने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और धूप से बचाव करने की सलाह दी गई है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक लगातार तेज धूप और उमस के कारण डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है।
गर्मी बढ़ने के साथ बिजली की खपत भी तेजी से बढ़ रही है। एसी, कूलर और पंखों के लगातार उपयोग से बिजली की मांग बढ़ गई है। कई इलाकों में लोकल फॉल्ट और ट्रिपिंग की शिकायतें भी सामने आ रही हैं, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है।

