प्रतीक यादव (Prateek Yadav) की अचानक मौत ने पूरे उत्तर प्रदेश को झकझोर दिया है। समाजवादी परिवार से जुड़े और अपर्णा यादव के पति प्रतीक यादव का इस तरह संदिग्ध परिस्थितियों में निधन अब कई सवाल खड़े कर रहा है।
पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, 38 वर्षीय प्रतीक यादव (Prateek Yadav) अपने घर के किचन में अचेत अवस्था में मिले थे। सुबह करीब 4:55 बजे अस्पताल को फोन कर सूचना दी गई। बताया जा रहा है कि उस समय अपर्णा यादव घर पर मौजूद नहीं थीं और दिल्ली में थीं। सूचना मिलते ही वह लखनऊ के लिए रवाना हो गईं।
जानकारी के अनुसार, प्रतीक यादव को करीब 5:55 बजे अस्पताल लाया गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने उनका मोबाइल फोन कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। घर के भीतर की परिस्थितियों और आखिरी कुछ घंटों के घटनाक्रम की पड़ताल की जा रही है।
शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। प्रशासन ने इस प्रक्रिया को संवेदनशील मानते हुए चार डॉक्टरों की टीम गठित की है और पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी भी कराई जा रही है। अस्पताल सूत्रों के अनुसार शुरुआती स्तर पर पॉइजनिंग की आशंका जताई गई है, हालांकि मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
मेदांता अस्पताल में भी Prateek Yadav हुए थे भर्ती
करीबी सूत्रों के मुताबिक, 30 अप्रैल को प्रतीक यादव (Prateek Yadav) को मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था। डॉक्टर उन्हें डिस्चार्ज करने के पक्ष में नहीं थे, लेकिन बताया जा रहा है कि उन्होंने अपनी इच्छा से अस्पताल छोड़ दिया था और घर पर ही स्वास्थ्य लाभ ले रहे थे। अब उनकी पुरानी मेडिकल स्थिति भी जांच का हिस्सा बन गई है।
प्रतीक यादव (Prateek Yadav) राजनीति से दूर रहकर फिटनेस इंडस्ट्री में सक्रिय थे। वह ‘फिटनेस प्लैनेट’ जिम चलाते थे और पशु संरक्षण के लिए ‘जीव आश्रय’ संस्था के माध्यम से स्ट्रीट डॉग्स के इलाज और रेस्क्यू का काम भी करते थे। फिटनेस के प्रति सजग रहने वाले प्रतीक की अचानक मौत ने लोगों को हैरान कर दिया है।
वह मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के पहले पति चंद्र प्रकाश गुप्ता से हुए पुत्र थे। निधन की खबर के बाद लखनऊ से लेकर सैफई तक शोक की लहर फैल गई है। राजनीतिक और सामाजिक जगत से जुड़े लोग लगातार परिवार से मुलाकात कर रहे हैं।

