Varanasi: राहुल गांधी के 56वें जन्मदिन पर वाराणसी में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने धार्मिक आस्था, सामाजिक सेवा और राजनीतिक संदेश का अनूठा संगम प्रस्तुत किया। शहर के विभिन्न स्थानों पर पूजा-अर्चना, गौ सेवा, गरीबों को भोजन वितरण और विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। सबसे अधिक चर्चा उस आयोजन की रही, जिसमें राहुल गांधी को भगवान परशुराम के स्वरूप में प्रस्तुत किया गया।
वाराणसी के दशाश्वमेध घाट (Varanasi) के सामने गंगा की मध्यधारा में युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी का एक विशेष चित्र प्रदर्शित किया। इस चित्र में उन्हें एक हाथ में फरसा और दूसरे हाथ में संविधान की किताब लिए हुए दर्शाया गया था।
कार्यक्रम का नेतृत्व युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विकास सिंह ने किया। कार्यकर्ताओं ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच चित्र का दुग्धाभिषेक किया और 11 किलो लड्डुओं का केक काटकर राहुल गांधी का जन्मदिन मनाया। इस दौरान उनके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और सफल जीवन की कामना की गई। विकास सिंह ने कहा कि राहुल गांधी संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष कर रहे हैं तथा अन्याय और लोकतंत्र विरोधी शक्तियों के खिलाफ लगातार आवाज उठा रहे हैं।
गौ सेवा कर दी जन्मदिन की शुभकामनाएं
इसी क्रम में रामापुरा क्षेत्र (Varanasi) में कांग्रेस कमेटी महानगर के महासचिव प्रमोद वर्मा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने गौ माता की पूजा-अर्चना की। उन्होंने गायों को गुड़ और हरा चारा खिलाकर राहुल गांधी के स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना की। प्रमोद वर्मा ने कहा कि चाहे NEET पेपर लीक का मुद्दा हो या व्यापारियों की समस्याएं, राहुल गांधी लगातार जनता के मुद्दों को प्रमुखता से उठा रहे हैं और बदलाव की आवाज बने हुए हैं।
Varanasi: खिचड़ी बाबा मंदिर में पूजा, गरीबों को बांटी खिचड़ी
शहर के खिचड़ी बाबा मंदिर (Varanasi) में भी राहुल गांधी का जन्मदिन सादगी और सेवा भाव के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व कांग्रेस महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने किया। कार्यकर्ताओं ने मंदिर में पूजा-अर्चना करने के बाद गरीब और जरूरतमंद लोगों के बीच खिचड़ी वितरित की। इस दौरान राहुल गांधी के स्वस्थ, दीर्घायु और सफल जीवन की कामना की गई। राघवेंद्र चौबे ने कहा कि राहुल गांधी आज देश के गरीबों, युवाओं, छात्रों और वंचित वर्ग की आवाज बनकर उनके अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
राहुल गांधी के जन्मदिवस पर आयोजित इन कार्यक्रमों (Varanasi) के माध्यम से कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने धार्मिक अनुष्ठानों के साथ सामाजिक सेवा को भी जोड़ा। गंगा में दुग्धाभिषेक, गौ सेवा और गरीबों के बीच भोजन वितरण जैसे कार्यक्रमों के जरिए उन्होंने अपने नेता के प्रति सम्मान और समर्थन व्यक्त किया।
हालांकि, राहुल गांधी को भगवान परशुराम के स्वरूप में प्रस्तुत करना कांग्रेस कार्यकर्ताओं (Varanasi) की प्रतीकात्मक अभिव्यक्ति थी। इसे लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ सकती हैं, क्योंकि ऐसे धार्मिक प्रतीकों का राजनीतिक आयोजनों में उपयोग अक्सर सार्वजनिक चर्चा का विषय बनता है।

